
मैँ सवेरे दो कप चय बनाती हूँ
और हर रोज़ तुम्हें नींद से उठाती हूं
जानती हूं तुम्हारा अभी जागने का मन नहीं
तुम कुनमुनाओगे, पेट के बल लेटोगे
और हर रोज़ तुम्हें नींद से उठाती हूं
जानती हूं तुम्हारा अभी जागने का मन नहीं
तुम कुनमुनाओगे, पेट के बल लेटोगे
पर फोन उठाओगे ज़रूर.
तुम "गुड मार्निंग" कहोगे
और मेरी चाय में चीनी घुल जायेगी.
और दूसरी चाय
और दूसरी चाय
मुझे नहीं पसंद यह 'टिवनिंग्स" की
लेमन टी
पर तुम वहाँ उठोगे कैसे
बिना चाय पिये
मेरी 'ढाबे वाली' चाय
मेरी 'ढाबे वाली' चाय
पर तुम हँसते थे
और अदरक डालने पर झिडकते.
मैंने भी ज़िद में
तुम्हारी चाय नहीं पी कभी.
पर अब तुम्हें सवेरे जगाना तो है ही.